क्रिसमस
क्रिसमस आओ प्रेम का दीप जलाएँ, प्रभु ईशु को शीश झुकाएँ। मानव धर्म के लिए बलिदान दिया, मानव जाति रक्षा को जन्म लिया।। 25 दिसम्बर ईशु मसीह को समर्पित, बच्चों के लिए यह है पूरा दिन अर्पित। बड़ा दिन भी इसको कहते, सभी मिलकर संग -संग मनाते।। सांता का रहता बच्चों को इंतजार, मिलते उनको जो उपहार हज़ार। बच्चों के सपने जो पूरे होते, सांता बन जब किसी को पाते।। केक काटकर खुशी मनाएँ, टॉफी, चॉकलेट भी खूब पाएँ। गिरिजाघर में प्रार्थना करें, ईशु प्रभु को याद करें।। रचयिता रीना सैनी, सहायक अध्यापक, प्राथमिक विद्यालय गिदहा, विकास खण्ड-सदर, जनपद -महाराजगंज।